बेंगलुरु दंगों पर कर्नाटक सरकार सख्त: न्यायिक जाँच का आदेश, पहले किया दंगाइयों से नुकसान वसूलने का ऐलान - News Times Indians

Breaking

Home Top Ad

Post Top Ad

Thursday, August 13, 2020

बेंगलुरु दंगों पर कर्नाटक सरकार सख्त: न्यायिक जाँच का आदेश, पहले किया दंगाइयों से नुकसान वसूलने का ऐलान

बेंगलुरु दंगा न्यायिक जाँच

--- बेंगलुरु दंगों पर कर्नाटक सरकार सख्त: न्यायिक जाँच का आदेश, पहले किया दंगाइयों से नुकसान वसूलने का ऐलान लेख आप ऑपइंडिया वेबसाइट पे पढ़ सकते हैं ---

मंगलवार की शाम (11 अगस्त 2020) को बेंगलुरु की सड़कों पर उग्र मुस्लिम भीड़ पत्थर चलाते हुए और जम कर तोड़-फोड़ करती हुई नज़र आई। अब कर्नाटक की राज्य सरकार और प्रशासन दंगाइयों पर कार्रवाई करने की पूरी तैयारी कर चुका है। राज्य सरकार ने इस मामले में न्यायिक जाँच के आदेश जारी कर दिए हैं।

न्यायिक जाँच का फैसला कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदुराप्पा, गृहमंत्री बसवराज बोम्मई और पुलिस अधिकारियों की बैठक में लिया गया था। इस जाँच की अगुवाई मजिस्ट्रेट करेंगे। बेंगलुरु के पूर्वी और उत्तर पूर्वी इलाक़ों में हुए इन दंगों में 3 लोगों की जान जा चुकी है। साथ ही कई लोग घायल भी हुए हैं।  

कर्नाटक के गृहमंत्री बोम्मई ने इस बारे में जानकारी देते हुए कहा, “बेंगलुरु में हुई दंगों की न्यायिक जाँच होगी। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के तमाम नीति-निर्देशों को मद्देनज़र रखते हुए पूरे घटनाक्रम की जाँच मजिस्ट्रेट की निगरानी में होगी। इस जाँच के बाद षड्यंत्र रचने वाले असल आरोपित सामने आएँगे।”  

मंगलवार की शाम कॉन्ग्रेस विधायक अखंडा श्रीनिवास मूर्थी के आवास पर हज़ारों मुस्लिमों की भीड़ इकट्ठा हुई। कुछ ही देर में भीड़ ने पूरे घर को तबाह कर दिया। इसके बाद डीजे हल्ली और केजी हल्ली पुलिस थाने पर भी जम कर तोड़ फोड़ की। पुलिस द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई में कुल 3 लोगों की जान गई थी और 6 लोग घायल हुए थे। दंगे की घटनाओं में 60 पुलिसकर्मी घायल हुए थे जिसमें से 15 नज़दीकी अस्पतालों में भर्ती हैं।  

बेंगलुरु में हुए दंगों का एक और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। इस वीडियो में केजी हल्ली पुलिस स्टेशन के कर्मचारी अपने वरिष्ठ अधिकारियों से आत्मरक्षा के लिए गोली चलने की इजाज़त मांग रहे थे। वीडियो में साफ़ देखा जा सकता है कि इस्लामियों की अनियंत्रित भीड़ पुलिस वालों पर टूट पड़ती है। हालात इतने भयावह हो जाने के बाद पुलिसकर्मियों ने वरिष्ठ अधिकारियों से अनुमति माँगी।  

जिस पर अधिकारियों ने साफ़ तौर पर कहा कि वह भीड़ को नियंत्रित करने के लिए जो ज़रूरी समझें वह करें। वीडियो में पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा “आपको जो सही लगे वह करिए! इस समय आपको कोई और नहीं बचा सकता है। आपको अपनी सुरक्षा खुद से ही करनी होगी।” टीवी 9 द्वारा प्रसारित इस वीडियो में साफ़ तौर पर देखा जा सकता है कि कैसे मुसलमानों की भीड़ ने पूरे बेंगलुरु शहर को आग में झोंक दिया।  

इसके अलावा कर्नाटक के गृह मंत्री बसवराज बोम्मई ने बुधवार (अगस्त 12, 2020) को कहा था कि राज्य सरकार बेंगलुरु हिंसा की घटना में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी। बोम्मई ने एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि सार्वजनिक संपत्ति और वाहनों को नुकसान की भरपाई क्षति पहुँचाने वाले दंगाइयों को करना होगा

मीडियाकर्मियों को संबोधित करते हुए, कर्नाटक के गृह मंत्री ने कहा, “मैं संपत्ति की वसूली को लेकर एक महत्वपूर्ण घोषणा करना चाहता हूँ कि सर्वोच्च न्यायालय का कहना है कि हिंसा के दौरान क्षतिग्रस्त हुई सार्वजनिक संपत्ति की भरपाई उन व्यक्तियों द्वारा किया जाना चाहिए जिन्होंने नुकसान पहुँचाया है। हम तुरंत कार्रवाई करने जा रहे हैं। हम व्यक्तियों की पहचान कर रहे हैं और नुकसान का आकलन कर रहे हैं। इसके बाद दंगाइयों द्वारा नुकसान की वसूली की जाएगी।”



from ऑपइंडिया https://ift.tt/30SUSnS

No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad

Pages