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Wednesday, June 2, 2021

दुआ माँगने आई थी, स्वयंभू ‘Prophet’ ने जिंदा साँप का डर दिखाकर कार में किया रेप

महिला बलात्कार, प्रोफेट, साँप

--- दुआ माँगने आई थी, स्वयंभू ‘Prophet’ ने जिंदा साँप का डर दिखाकर कार में किया रेप लेख आप ऑपइंडिया वेबसाइट पे पढ़ सकते हैं ---

जिम्बाब्वे के बुदिरिरो में 38 साल के एक स्वयंभू ‘प्रोफेट’ को महिला से रेप के आरोप में पुलिस ने गिरफ्तार किया है। लक्सन मपुरिसा (Luckson Mapurisa) नाम के इस ‘प्रोफेट’ पर आरोप है कि उसने जिंदा साँप का डर दिखाकर महिला से कार में रेप किया।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, 11 मई को मपुरिसा ने महिला के साथ उस समय दुष्कर्म किया जब वह उसके श्राइन पर दुआ पढ़ने आई थी। इसी दौरान आरोपित ने उसे अपने साथ पास ही में होने वाले दुआ कार्यक्रम में चलने को कहा। दोनों वहाँ से मुफाकोस उपनगर के चेमहंजा मैदान में गए, जहाँ आरोपित ने कार में रेप करने से पहले महिला को डराने के लिए उसके सामने जिंदा साँप रख दिया।

पुलिस के अनुसार, जब वह चेमहंजा ग्राउंड पर पहुँचे तो लक्सन ने गाड़ी रोकी और पिछली सीट पर कूद गया जहाँ महिला बैठी हुई थी। उसने महिला के प्राइवेट पार्ट में ऊँगली डाली। महिला के मना करने पर उसने अपने बैग से लंबा सा साँप निकाला और उसे डराने लगा।

कई दिन तक यौन शोषण झेलने के बाद महिला ने इन सबके बारे में अपने चचेरे भाई को बताया। फिर 29 मई को ग्लेन व्यू पुलिस थाने में इस संबंध में शिकायत हुई। उसके बाद आरोपित को गिरफ्तार कर लिया गया।

पूछताछ में आरोपित ने अपना गुनाह कबूल करते हुए खुलासा किया कि उसे ये साँप अपने दादा से मिला था जिसका इस्तेमाल वह महिलाओं को डराकर उनका रेप करने के लिए करता था। हरारे पुलिस ने इस घटना के बाद लोगों से अपील की है कि वह पादरियों से या प्रोफेट के पास जाते वक़्त किसी न किसी करीबी रिश्तेदार को साथ ले जाएँ।

बता दें कि पिछले साल ऐसा ही यौन उत्पीड़न का एक मामला करीबा से प्रकाश में आया था। वहाँ एक प्रोफेट ने 15 साल की बच्ची का एक लॉज में कई बार रेप किया था। बच्ची को उसके माता-पिता आरोपित के पास छोड़ कर गए थे ये सोचकर कि वह उसके भीतर से बुरे साए को निकालेगा। 

यौन उत्पीड़न के बाद लड़की को धमकाया गया था कि वह इस बारे में किसी को न बताए। लेकिन 6 साल बाद उसने इस संबंध में अपने बॉयफ्रेंड को बताया। मामला अब भी जाँच के दायरे में हैं। जिम्बाब्वे पुलिस ने घटना के बाद बच्चों के माता-पिता को चेतावनी देते हुए कहा था कि किसी भी आध्यात्मिक उपचार के लिए अपने बच्चों को प्रोफेट के हाथों में न छोड़े। खासकर लड़कियों को तो बिलकुल भी नहीं। पुलिस के मुताबिक कई बच्चे बुरे साए को बाहर निकलवाने के नाम यौन उत्पीड़न का शिकार हुए हैं।



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